DA Hike Good News: सरकारी नौकरी करने वालों और रिटायर हो चुके पेंशनर्स के लिए बहुत बड़ी खबर सामने आई है। बिहार सरकार के माध्यम से महंगाई भत्ता (DA) और महंगाई राहत (DR) में एक बार फिर से बढ़ोतरी कर दी गई है। इस फैसले के बाद राज्य के लाखों कर्मचारियों और पेंशनर्स को सीधा फायदा मिलने वाला है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में इस फैसले पर मुहर लगाई गई है।
सातवें वेतन आयोग के तहत अब मिलेगा 55% DA
कैबिनेट सचिवालय के अपर मुख्य सचिव सिद्धार्थ ने जानकारी दी कि सातवें वेतनमान के तहत आने वाले कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए महंगाई भत्ता व राहत में 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है। पहले यह दर 53% थी, जो अब बढ़कर 55% हो गई है। यह वृद्धि 1 जनवरी 2025 से प्रभावी मानी जाएगी और कर्मचारियों को इसका एरियर भी दिया जाएगा।
बिहार सरकार ने सिर्फ सातवें वेतन आयोग के कर्मचारियों पर ही नहीं, बल्कि छठे वेतन आयोग के तहत आने वाले कर्मचारियों को भी बड़ी राहत दी है। उनके महंगाई भत्ते में 6 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है। इससे अब उनका DA 246% से बढ़कर 252% हो गया है। इससे इन कर्मचारियों की सैलरी में सीधा असर दिखेगा।
राज्य सरकार ने पांचवे वेतन आयोग के तहत आने वाले कर्मचारियों के लिए भी 11 प्रतिशत की बढ़ोतरी की घोषणा की है। इससे इनका महंगाई भत्ता बढ़कर 466% हो गया है, जो पहले 455% था। सरकार का यह फैसला पेंशनर्स के लिए भी उतना ही लाभकारी है जितना वर्तमान में कार्यरत कर्मचारियों के लिए।
5 लाख कर्मचारियों और 6 लाख पेंशनर्स को होगा सीधा लाभ
सरकार के इस फैसले से बिहार के लगभग 5 लाख से अधिक कर्मचारी और 6 लाख से ज्यादा पेंशनर्स को सीधा फायदा मिलेगा। लगातार बढ़ रही महंगाई और जीवनयापन की कठिनाइयों के बीच यह राहत भरा कदम माना जा रहा है। खास बात यह है कि यह बढ़ोतरी सभी वर्गों के कर्मचारियों पर समान रूप से लागू होगी।
इस फैसले के बाद कर्मचारी संगठनों की ओर से सरकार के प्रति संतोष और आभार जताया गया है। संगठनों का कहना है कि केंद्र सरकार की तर्ज पर राज्य सरकार ने भी समय पर महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी कर एक सकारात्मक पहल की है। यह निर्णय कर्मचारियों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने और महंगाई से लड़ने में सहायक साबित होगा।
अब अन्य भत्तों में भी बढ़ोतरी की उम्मीद
अब कर्मचारियों को उम्मीद है कि आने वाले महीनों में HRA व अन्य भत्तों में भी बढ़ोतरी की जा सकती है। राज्य सरकार की मंशा साफ है – कर्मचारियों को राहत देना और आर्थिक रूप से मजबूत बनाना।





